कांग्रेस और भाजपा विधायकों की बातें सुनकर वोटरों ने पकडे सिर

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बयानबाजी के लिए दोनों नेताओं को चुनाव आयोग ने भेजा नोटिस
चुनावों के दौरान नेताओं में गजब की रेस लगी होती है। जैसे कि ज्यादा से ज्यादा वोट पाने की रेस, ज्यादा से ज्यादा वोटरों को लुभाने की रेस, और दूसरे प्रत्याशियों को पीछे छोड़ने की रेस। जी सारे जवाब सही हैं लेकिन एक चीज भूल गए, नेताओं के बीच एक और रेस होती है, जो है ऊल-जुलूल बयानबाजी की रेस।
छत्तीसगढ़ में 5 बार के विधायक हैं कवासी लखमा, सरकार में कैबिनेट मंत्री भी हैं। काॅमर्स, एक्साइज और इंडस्ट्री विभाग संभालते हैं। आसान भाषा में कहें तो बड़े नेता हैं। ये 16 अप्रैल को कांकेर में कांग्रेस के लिए प्रचार कर रहे थे और चुनावी सभा के दौरान वोटरों से कह बैठे कि ‘ईवीएम पर सबसे ऊपर वाला बटन दबाइयेगा, अगर दूसरे और तीसरे नंबर का बटन दबाए तो करंट लगेगा।’
अब अगर लोग पढ़े लिखे हों तो उन्हें इसके पीछे की हकीकत पता होगी, उन्हें मालूम होगा कि ईवीएम बैट्री से चलती है इसीलिए ऐसा होना मुमकिन ही नहीं है। वहीं अगर लोग पढ़े लिखे न हो, अनपढ़ हों तो उनसे इस बात की जानकारी की उम्मीद नहीं कर सकते हैं। तो मंत्री जी जिस इलाके में वोटिंग की अपील कर रहे थे, वहां के लोग भी कम पढ़े लिखे हैं, पिछड़ों का इलाका है।
और बीजेपी ने भी इसी तर्क के साथ चुनाव आयोग में शिकायत करके कहा – सरकार के मंत्री के बयान के बाद लोगों में डर है कि कहीं दूसरा और तीसरा बटन दबाए तो सच में करंट न लग जाए। बीजेपी ने इस बयान को माडल कोड आफ कंडक्ट का उल्लंघन मान कर कार्रवाई की मांग की है।
बीजेपी की शिकायत के बाद चुनाव आयोग ने कवासी लखमा को नोटिस भेज दिया है। चुनाव आयोग ने बयान के ऊपर 24 घंटे के भीतर सफाई मांगते हुये पूछा है कि ऐसी बयानबाजी के पीछे आपकी मंशा क्या है। चुनाव आयोग ने इसी मामले में कवासी लखमा के साथ-साथ लोकसभा प्रत्याषी बीरेश ठाकुर को भी नोटिस दिया है और जवाब मांगा है। क्योंकि बीरेश ठाकुर भी इस सभा में थे और लखमा बीरेश ठाकुर के लिए ही वोट मांग रहे थे।
लेकिन इसी तरह दूसरी ओर बीजेपी के नेता भी कम नहीं और पिछड़नें वाले भी नहीं हैं। बता दें कि कवासी लखमा ने जिस दिन ऐसा बयान दिया उसी दिन बीजेपी के विधायक ने भी कुछ ऐसा ही अटपटा बयान दिया। गुजरात के फतेहपुरा से विधायक हैं रमेश कटारा उन्होंने भी प्रचार के दौरान सभा में वोटरों से कहा।

‘ईवीएम पर आपको जसवंत सिंह भाभोर और कमल की फोटो दिखेगी। आपको वहां बटन दबा देना है। कोई गलती नहीं होनी चाहिए क्योंकि मोदी साहब ने कैमरे लगा दिए है।’ इन्हें भी आयोग ने नोटिस भेज दिया है।

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